Saturday, 31 March 2018

Biography of Roman Reigns (WWE) रोमन रेन्स की जीवनी

Biography of Roman Reigns (WWE) रोमन रेन्स की जीवनी  :


  दोस्तों रेसलिंग का खेल पूरी दुनिया में बहुत ही हरमन प्यारा खेल है यूं तो सदियों से बड़े-बड़े खिलाड़ी इस खेल को खेलते आ रहे हैं मगर आज मैं जिस खिलाड़ी की बात करने जा रहा हूं उसने रेसलिंग की दुनिया में थोड़े ही समय में अपना बहुत नाम कमा लिया है जी हां दोस्तों मैं बात करने जा रहा हूं रोमन रेन के बारे में । रोमन रेसलिंग की दुनिया का एक चमकता सितारा है जिसके दुनिया में लाखों की गिनती में फैन है आज मैं आपको रोमन की जिंदगी पूरी कहानी बताने वाला हूं तो चलिए दोस्तों शुरू करते हैं।
रोमन ने रेसलिंग की दुनिया में अपना प्रवेश 2010 में किया जिसके बाद कुछ ही समय में रोमन ने अपना नाम पूरी दुनिया में कमा लिया रोमन का पूरा नाम लेटी जोसेफ जॉय अनामी है। जिस को अक्सर लोग उनके रिंग नेम रोमन रेंस के नाम से जानते हैं।
रोमन का जन्म 25 मई 1985 को फ्लोरिडा में हुआ रोमन रेंस अनामी फैमिली से बिलोंग करते हैं जिस फैमिली से पहले भी कई पहलवान रह चुके हैं । जिनमें से उनके पिता सीखा अनामी और भाई रोजी भी पेशे से पहलवान रह चुके हैं । मशहूर रेसलर रोक भी इस फैमिली से बिलोंग करते हैं रोमन को बचपन में फुटबॉल खेलने का बहुत शौक था जिसके लिए उन्होंने 4 साल स्कूल के लिए फुटबॉल खेला 2008 में रोमन ने केनेडा के लिए फुटबॉल खेला यहां पर रोमन को 99 नंबर की जर्सी दी गई । वहीं से रोमन को एक पहचान मिल गई आगे चलकर 2010 में रोमन रेंस WWE के साथ एक कॉन्ट्रैक्ट साइन किया।
9 सितंबर 2010 को रोमन रेंस अपना पहला रेसलिंग मैच खेला जिसमें उन्होंने अपना रिंग नेम रोमन लियाकी रखा ।

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शुरू में रोमन रेंस की रेसलिंग की शुरुआत बहुत खराब रही रोमन अपनी कैरियर के पहले 3 मैच हार चुके थे लेकिन 21 सितंबर 2010 को उनका जय हार का सिलसिला टूटा और उन्होंने फहद रकमन को हराया ।

आगे चलकर रोमन ने 2011 में डोली मार्को के साथ मिलकर टैग टीम की एक जोड़ी बनाई लेकिन यह जोड़ी भी कुछ खास नहीं कर पाई और रोमन को हार पर हार मिलती जा रही थी।  अब तक रोमन के साथ कुछ भी अच्छा नहीं हो रहा था लेकिन रोमन ने अपनी जिंदगी में हार मानना नहीं सीखा था जिसकी बदौलत वह आगे बढ़ते रहे और 2012 का साल उनके लिए बहुत अच्छा रहा रोमन ने 2012 की जनवरी में फ्लोरिडा हैवीवेट चैंपियन अपने नाम की उसी साल रोमन ने 5 फरवरी को डीन एंब्रोस और सेठ रोलिंस को भी मात दे डाली आगे चलकर जब WWE ने फ्लोरिडा चैंपियनशिप रेसलिंग के नाम को बदलकर NXT कर दिया तो रोमन ने वी अपना नाम रोमन लियाकि से बदलकर रोमन रेंस कर दिया ।
जिस नाम से आज रोमन को पूरी दुनिया में लाखों लोग जानते हैं इसी नाम से उन्होंने पहली बार WWE में CJ पारकर को हराया।

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दिसंबर 2012 में रोमन रेंस ने डीन एंब्रोस और सेठ रॉलिंस के साथ मिलकर एक टैग टीम बनाई जिसका नाम उन्होंने द शील्ड रखा। इस टीम ने बहुत मैच जीते जय टीम 2012 से लेकर 2014 तक चली 2014 में रोमन और सेठ रोलिंस के बीच विवाद हो गया । जिसके बाद द शील्ड टूट गई और 21 सितंबर को सेठ रोलिंस और रोमन के बीच मैच होना था मगर रोमन की सर्जरी की वजह से रोमन रेंस ने जय मैच नहीं खेला और सेठ रोलिंस को विजेता घोषित कर दिया गया । मगर 2014 में रोमन ने फिर से रिंग में वापसी की इसी साल रोमन को सुपरस्टार ऑफ द ईयर भी घोषित किया गया ।

3 अप्रैल 2016 को एक बहुत ही बड़े मैच में रोमन ने ट्रिपल एच को हराकर वर्ल्ड हैवीवेट चैंपियनशिप अपने नाम की इसके अलावा उन्होंने यूनाइटेड स्टेट चैंपियनशिप भी जीती।
Roman Region faimly : आज हम रोमन की फैमिली और निजी जिंदगी की बात करें तो रोमन ने 2014 में गैलिना बेकर से शादी कि जिसके बाद रोमन के घर एक बेटी ने जन्म लिया जिसका नाम जिओलेनोई है।
तो दोस्तो यह थी रोमन रेंस की जिंदगी की कहानी , आप को हमारा आर्टिकल कैसा लगा कमेंट करके जरूर बताएं।

Wednesday, 14 March 2018

History of Pablo Escobar( King of kokin) पाब्लो एस्कोबार (खुनी दरिंदा )

 Pablo Escobar


दोस्तों आपने आज तक बहुत क्राइम की बादशाहो का नाम सुना होगा लेकिन आप में से बहुत कम लोग पाब्लो एस्कोबार के बारे में जानते होंगे, पाब्लो एस्कोबार क्राइम की दुनिया दुनिया का एक बेताज बादशाह रहा है। जब 1993 में पाब्लो एस्कोबार का एनकाउंटर हुआ तो उस पर 2000 सरकारी ऑफिसर 200 जज और 1000 पुलिस कर्मचारियों को मारने का आरोप था ।

पाब्लो एस्कोबार के बारे में एक बात बहुत मशहूर है कि एक बार पाब्लो एस्कोबार ने  अपनी बेटी को ठंड से बचाने के लिए  14000 करोड रुपए  जला दिए थे और इसके अलावा पाब्लो एस्कोबार के पास इतना पैसा था कि वह 1 साल में ₹300000 की रबड़बैंड खरीदता था जिसको वह नोटों की गड्डियों के लिए यूज़ करता था ।

 Pablo Escobar Net worth 


पाब्लो एस्कोबार का जन्म 1 दिसंबर 1949को कोलंबिया में हुआ पाब्लो एस्कोबार  के पिता पेशे से एक किसान थे और उसकी माता एक टीचर थी  वह अपने 7 भाई बहनों में बहनों में से तीसरे नंबर पर आते थे उन्होंने 10 साल की उम्र में ही क्राइम की दुनिया में कदम रख लिया और वह फिरौती अपहरण जैसी गैर कानूनी काम  करने लग गया ।
उसके कुछ साल बाद बाद ही पाब्लो एस्कोबार स्मगलिंग के कारोबार में शामिल हो गया उसने यह कारोबार शुरू करने के लिए कोलंबिया से पनामा तक तक 15 बार सफर किया और अपना रूट निकाल दिया जिसके बाद उसने 15 बड़े प्लेन और 6 हेलीकॉप्टर खरीद लिए जिस से वह कोलंबिया से से अमेरिका तक कोकीन पहुंचाता था।
एक बार सरकार ने पाब्लो एस्कोबार को 18 किलो कोकीन के साथ साथ पकड़ लिया लेकिन पावलो ने   जज को   खरीदने की कोशिश की जब जज नहीं बिका तो पाब्लो एस्कोबार ने उसको  बड़े ही बेरहम तरीके से मरवा दिया जिसकी कुछ समय बाद सरकार ने  यह केस वापस ले लिया।
अपनी 25 साल की उम्र तक पाब्लो एस्कोबार अमेरिका में 80% कोकीन अकेला सप्लाई करता था जिसके लिए वह पायलट को एक रूट के लिए 5 करोड रुपए देता था। इस तरह पाब्लो एस्कोबार के पास बहुत ज्यादा पैसा इकट्ठा हो गया जिसको वह बैंक में  नहीं रख सकता था। इसलिए वह पैसे को बड़े गोदामों में जमा करता था 198 9 फोर्ब्स की एक रिपोर्ट के अनुसार पाब्लो एस्कोबार दुनिया का सातवां सबसे अमीर आदमी था मगर यह खबर छपने के  खबर छपने के कुछ समय बाद ही पाब्लो एस्कोबार के छोटे बेटे ने फोर्ब्स को फोन किया और बताया कि आप तो हमारी संपत्ति के आसपास भी नहीं पहुंचे पाब्लो एस्कोबार के पास इतना ज्यादा पैसा था कि उसका 8% चूहे और दूसरे जानवर खराब कर देते थे पाब्लो एस्कोबार ने कोलंबिया की सरकार पर जो कर्ज था । वह सारा कर्ज उतारने की बात भी कही थी मगर शर्त यह थी कि उस पर चल रहे सभी केस खारिज किए जाएं
पाब्लो एस्कोबार के पास एक अपना आलीशान घर था जो कि 20 किलोमीटर में था जिसने झील चिड़ियाघर और बहुत सारे मनोरंजन के साधन थे यहां पर दुनिया के बड़े-बड़े स्मगलर पार्टी किया करते थे ।

इसके अलावा पाब्लो एस्कोबार का एक दूसरा रूप भी था  पाब्लो ने कोलंबिया में बहुत सारे हस्पताल स्कूल और चर्च बनवाए जिसके लिए बहुत सारे लोग पाब्लो एस्कोबार को रॉबिनहुड मानते थे जहां तक की 20 से लेकर 25 साल की उम्र तक के लड़के पाब्लो एस्कोबार के एक इशारे पर अपनी जान देने के लिए भी तैयार थे।

पाब्लो एस्कोबार ने 1989 को एक जहाज को बम से उड़ा दिया था क्योंकि इसमें 1990 होने वाले चुनाव के लिए राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार डॉ लुइस था। जिसके लिए उसके साथ-साथ 120  निर्दोष लोग भी मारे गए
एक बार सरकार के दबाव के चलते पाब्लो एस्कोबार सरेंडर करने के लिए मान गया मगर उसकी शर्त यह थी के जेल का निर्माण वो खुद करवाएगा  जिसके लिए पाब्लो एस्कोबार ने एक आलीशान फाइव स्टार होटल जैसी जेल बनवाई जिसमें वह कभी भी आ जा सकता था और वहां से अपना नशे का कारोबार भी करता था।
मगर कुछ समय बाद कोलंबिया की सरकार ने उसे छोड़ दिया

सरकारी रिकॉर्ड के मुताबिक पाब्लो के समय कोलंबिया को खूनी देश भी माना जाता था क्योंकि 1991 में पाब्लो एस्कोबार के इशारे पर 25100 मौतें हुई थी 1992 में 27 00 कत्ल पावलो के इशारे पर हुए थे जिसके बाद कोलंबिया  की सरकार ने एक्शन लिया और 600 माफिया को मार दिया।



2 दिसंबर 1993 में पाब्लो एस्कोबार की पत्नी की जानकारी के मुताबिक पावलो का उसके जन्मदिन के 24 घंटे बाद एनकाउंटर कर दिया गया जिसके बाद खूनी दरिंदे का अंत हो गया।

तो दोस्तों जीत होती पाब्लो एस्कोबार की जीवनी हमें उम्मीद है कि कि है कि कि आपको हमारा आर्टिकल अच्छा लगा होगा अपना कीमती समय देने के लिए आपका बहुत-बहुत धन्यवाद आप हमारे इस आर्टिकल को शेयर करके हमारा मनोबल बढ़ा सकते हैं।

Thursday, 1 March 2018

Syrian civil war , Syria crisis details in hindi ( सीरियन युद्ध की पूरी कहानी )

Syria crisis explained in hindi : 

दोस्तों आप ने अपनी जिन्दगी में बहुत ही बुरे से बुरे दिन देखे होंगे , मगर मैं यह दावे के साथ कह सकता हूँ के आप की जिन्दगी में इतना बुरा वक़्त कभी नहीं आया होगा जितना के सीरिया के लोगो की जिन्दगी में , सोशल मीडिया पर वायरल हो सीरिया की की यह तस्वीरे सब कुछ बिआन करती हैं , मगर दोस्तों सीरिया में यह 2011 से चला आ रहा है ,जिस में दुनिया के कई बड़े देश और आतंकवादी ग्रुप शामल हैं ,जिन में से अमेरिका , रूस , टर्की  और अबतक वहां पर 5 लाख लोगो की मौत हो गई है और 20 लाख लोग घायल हो चुके हैं जिन में से बहुत सारे बच्चे हैं , तो दोस्तों आखिर ऐसे क्या कारण थे जो के आज सीरिया में हालत इतने बत्तर हो चुके हैं आज हम आप को इनी के बारे में शुरू से बताएँगे ।


Syria cold war : दोस्तों मैं आपको बता दूँ के सीरिया में बहुत ही ज्यादा मात्र में तेल पाया जाता है और आज तक किसी भी देश ने सीरिया पर सीधा हमला नहीं किया है और दूसरा यह पूरा युद्ध सिर्फ एक शक के आधार पर लड़ा जा रहा है क्यों की लड़ाई में शामल होने वाले सभी देशो में से किसी के पास कोई सबूत नहीं है और तीसरा किसी भी देश को सीरिया में रहने वाले लोगो की जिन्दगी से मतलब नहीं है उन को सिर्फ सीरिया की जमीन से मतलब है , तो चलिए दोस्तों हम बताते हैं आप को पूरी कहानी ।


असल यह युद्ध 2011 में सीरिया की डेमोक्रेसी को लेकर शुरू हुआ , सीरिया के Daraa शहर में कुछ लोगो ने सीरिया के President Bashar Al Assad को हटाने की मांग कर रहे थे थोड़े ही समय बाद यह आन्दोलन ने एक बहुत बड़ा रूप ले लिया और इसी को दबाने के लिए March 2011 ने बशर अल अस्साद के कहने पर सीरिया की आर्मी और पुलिस ने इन पर्दर्शन कारीओ पर गोलिया चला दी , और यही से सब शुरू हुआ july 2011 आते आते उन पर्दार्श्न्करियो ने न सिर्फ हथ्यार उठा लिए , सीरियन आर्मी वी दो भागो में वट गई कुछ लोगो और आर्मी के बड़े ऑफिसर  ने आर्मी छोड़ कर पर्द्र्शकरियो को Join कर लिया ,और वही से बना Syrian Rebels ग्रुप बना इस के थोड़े समय बाद ही अल्कैदा ने अपना एक और ग्रुप Jabhat al Nusra सीरिया में बना लिया जो के अल्कैदा की एक ब्रांच थी और इस के साथ ही सीरिया के उतरी भाग के Kurdish के लड़ाके जो के काफी समय से Kurdistan की मांग कर रहे थे वोह भी Syrian Rebels के साथ मिल गए ।

Kurdistan and Iran: जून 2012 आते आते kurdish लड़ाके न सिर्फ बशर अल असाद के खिलाफ लड़ रहे थे बल्कि उन को सऊदी अरब ने पैसे और हथ्यार देना भी शुरू कर दिया और दूसरी तरफ इरान ने बशर अस्साद को मदद देना शुरू कर दिया , इस का कारण यह था के इरान ने सभी लोग शिया मुसिल्मान थे और सीरिया में शिया की सरकार थी बशर असद एक शिया मुसिलमन थे जिस के लिए ईरान ने बशर अस्साद को हथ्यार और पैसा देना शुरू कर दिया , अब यह लड़ाई एक धार्मिक लड़ाई बन चुकी थी ।

America : अगस्त 2013 में मीडिया में यह खबर आये के बशर अल असाद ने पर्दार्शंकरियो को मारने के लिए Nuclear Chemical का इस्तमाल किया है , इस के कारण अमेरिका ने इस युद्ध में शामल हो गया और उस ने सीध सीरिया पे हमला नही किया उस ने वहां पर अल्कैदा के ग्रुप Jabhat al Nusra को हथ्यार देना शुरू कर दिया ।

ISIS :  मगर कुछ समय बाद Jabhat al Nusra भी दो भागो में वट गया और वही से ISIS की सथापना हुई जो के अल्कैदा के बिलकुल उल्ट काम करता था इस लिए अमेरिका ने ISIS को रोकने के लिए सीरिया के सरकार के साथ सम्झ्जोता किया और दोनों मिल कर ISIS के अतंकवादियो पर हमला करते थे ,और दूसरी तरफ Kurdish के लड़ाके और Syrian Rebels अब पूरी ताकत में थे।



Turkey : अगर Kurdish लड़ाके इस लड़ाई में जीत जाते और Kurdishtan बन जाता है तो turky का एक बहुत बड़ा हिस्सा कुर्दिश्तान में चला जाएगा इस लिए Turkey ने बशर असाद की मदद करनी शुरू कर दी ।

Russia : इसी दौरान बशर अल असद ने सितम्बर 2015 को Russia से मदद मांगी , Russia ने तुरंत आपनी आर्मी सीरिया में भेज दी जिस के चलते जो इलाके पर्दार्शंकरियो ने रोके थे उन को वापस छुड़ा लिया गया जिस में सीरिया का सब से बड़ा शहर Aleppo भी था ।
इस तरेह अब सीरिया में पर्दार्शंकारी और आतंकवादी कमज़ोर पड़ने शुरू हो गए थे और दूसरी तरफ अमेरिका के President Donald Trump बन चुके थे जो के Obama की तरेह बशर असाद को हटाना नहीं चाहते थे इस से लोगो को लगा के अब Russia और America मिल कर सीरिया में काम करेंगे और सीरिया युद्ध ख़तम हो जाएगा , मगर इसी के वीच अप्रैल 2017 में फिर से खबर आई के सीरिया के President बशर अस्साद ने लोगो पर फिर नुक्लेअर का इस्तमाल किया है जिस से अमेरिका ने पहली वार सीरिया पर सीधा हमला कर दिया ।



इस तरेह यह छोटे से मुद्दे पर शुरू हुआ युद्ध अब इतना बड़ा रूप ले चूका हैं , इस युद्ध में कोई भी देश एक दुसरे के उपर सीधा हमला नहीं करता सब देश अपने अपने हित के लिए सीरिया को निशाना बना रहे हैं  जिस से हर रोज सीरियन लोग मर रहे हैं और इस तरेह आज भी यह युद्ध चल रहा है जिस में हजारो बेकसूर लोग मर रहे हैं , आप को हमारा आर्टिकल कैसा लगा हमे कमेंट करके जरुर बताएं , अपना कीमती समय देने के लिए आप का धन्यवाद ।
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